अल्मोड़ा/बाड़ैछिना। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) जिला अल्मोड़ा द्वारा आयोजित प्राथमिक शिक्षा वर्ग–2026 का समापन शनिवार को बाड़ैछिना में पूर्ण गरिमा, अनुशासन और उत्साह के साथ संपन्न हुआ। 2 जनवरी 2026 से प्रारंभ हुए इस 9 दिवसीय प्रशिक्षण वर्ग में जिले भर से आए शिक्षार्थियों ने संघ की विचारधारा, शारीरिक प्रशिक्षण एवं बौद्धिक विकास से संबंधित गहन प्रशिक्षण प्राप्त किया।
वर्ग के दौरान स्वयंसेवकों के सर्वांगीण विकास पर विशेष ध्यान दिया गया। प्रतिदिन दो संघ स्थानों पर शारीरिक अभ्यास, 9 बौद्धिक सत्र, 7 शिक्षार्थी संवाद सत्र तथा 7 चर्चा सत्र आयोजित किए गए। इसके साथ ही रात्रि कार्यक्रमों के माध्यम से संस्कार, अनुशासन और संगठनात्मक चेतना को सुदृढ़ किया गया।
समापन समारोह में दिया प्रेरक संदेश
समापन अवसर पर वर्ग कार्यवाह सुरेश कांडपाल ने शिक्षक एवं व्यवस्था में लगे सभी स्वयंसेवक बंधुओं का आभार व्यक्त किया। उन्होंने वर्ग के ध्येय वाक्य—
“हिन्दवः सोदरा सर्वे, न हिन्दू पतितो भवेत्।
मम दीक्षा हिन्दू रक्षा, मम मंत्रः समानता॥”
को आत्मसात करने का आह्वान करते हुए कहा कि यह मंत्र समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुँचाया जाना चाहिए, ताकि समानता, एकता और सुरक्षा का भाव मजबूत हो।
वरिष्ठ पदाधिकारियों ने किया मार्गदर्शन
वर्ग के दौरान आयोजित विभिन्न बौद्धिक एवं संवाद सत्रों में संघ के वरिष्ठ पदाधिकारियों ने स्वयंसेवकों का मार्गदर्शन किया। बौद्धिक वक्ताओं में बसंत तिलारा, भूपेंद्र गोबाड़ी, कमल जी, वीरेंद्र जी, शंकर मेहरा, गिरजा शंकर पाठक, राजेश राठौर, राजेंद्र जोशी एवं सुरेश कांडपाल प्रमुख रहे।
वहीं संवाद सत्रों में भूपेंद्र सिंह भंडारी, चंद्र प्रकाश फूलोरिया, नंदन बिष्ट, अनिल कांडपाल, भूपेंद्र गोबाड़ी, गणेश धनखोला तथा वीरेंद्र जी ने शिक्षार्थियों से विचार साझा किए।
व्यवस्था में रहा स्वयंसेवकों का योगदान
वर्ग के सफल संचालन में वर्ग सर्व व्यवस्था प्रमुख जितेंद्र बोरा, बलदेव जी, तारा जी, शंकर, बच्ची सिंह, देवेंद्र, अशोक, नंद किशोर, खिला नंद भट्ट, कमलेश, भारत, दिवाकर, डॉ. शिवराज, गोकुल सहित अनेक स्वयंसेवकों की सक्रिय और सराहनीय भूमिका रही।
प्राथमिक शिक्षा वर्ग के समापन के साथ ही स्वयंसेवकों में राष्ट्रसेवा, समाजसेवा एवं संगठन के प्रति नई ऊर्जा और प्रतिबद्धता का संचार देखा गया।






