विभागीय अधिकारियों को समय पर भुगतान करने की दी हिदायत
देहरादून। प्रदेश के सहायता प्राप्त अशासकीय विद्यालयों में कार्यरत शिक्षकों और कर्मचारियों को पिछले तीन महीने से वेतन नहीं मिलने का मामला तूल पकड़ गया है। मामले का संज्ञान लेते हुए विद्यालयी शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने विभागीय अधिकारियों को कड़ी फटकार लगाते हुए लंबित वेतन जल्द जारी करने के निर्देश दिए हैं।
शिक्षा मंत्री ने अधिकारियों से कहा कि शिक्षकों और कर्मचारियों को वेतन के लिए परेशान होना पड़े, यह गंभीर लापरवाही है। उन्होंने भविष्य में ऐसी स्थिति दोबारा न बनने की चेतावनी देते हुए लंबित मामलों का प्राथमिकता के आधार पर निस्तारण करने को कहा।
डॉ. रावत ने कहा कि प्रदेश सरकार शिक्षकों और कर्मचारियों के हितों के प्रति पूरी तरह संवेदनशील है। उन्होंने कहा कि शिक्षक समाज और राष्ट्र निर्माण की महत्वपूर्ण कड़ी हैं तथा सरकार उनके सम्मान और सुविधाओं के प्रति प्रतिबद्ध है।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि विभागीय और संस्थागत स्तर पर लंबित औपचारिकताओं को तेजी से पूरा कर शीघ्र वेतन जारी किया जाए, ताकि शिक्षकों और कर्मचारियों को आर्थिक परेशानियों से राहत मिल सके।
शिक्षा मंत्री ने यह भी कहा कि अशासकीय विद्यालयों में कार्यरत शिक्षकों और कर्मचारियों के वेतन भुगतान में आ रही बाधाओं को दूर कर नियमित व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी।
वहीं अशासकीय माध्यमिक शिक्षक संघ के पदाधिकारियों ने मामले में त्वरित संज्ञान लेने और वेतन जारी करने के निर्देश देने पर शिक्षा मंत्री का आभार जताया। संघ ने राजकीय शिक्षकों की तरह अशासकीय विद्यालयों के शिक्षकों और कर्मचारियों का वेतन भी समय पर जारी करने की मांग उठाई।
शिक्षा मंत्री ने मोरी में भवन विहीन विद्यालय का लिया संज्ञान, जांच के निर्देश
विद्यालयी शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने समाचार पत्रों में प्रकाशित उत्तरकाशी जनपद के मोरी विकासखंड स्थित ओसला गांव में विद्यालय भवन न होने संबंधी खबर का गंभीरता से संज्ञान लिया है। समाचारों में दावा किया गया था कि ओसला गांव में विद्यालय का भवन पिछले 15 वर्षों से निर्मित नहीं हो पाया है। मामले को गंभीरता से लेते हुए शिक्षा मंत्री ने विभागीय अधिकारियों को पूरे प्रकरण की विस्तृत जांच कर तथ्यात्मक रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिये हैं।
उक्त प्रकरण के संबंध में जिला शिक्षा अधिकारी (बेसिक), उत्तरकाशी द्वारा जिलाधिकारी को प्रेषित रिपोर्ट में बताया गया है कि राजकीय प्राथमिक विद्यालय ओसला में वर्तमान में 24 छात्र-छात्राएं अध्ययनरत हैं और विद्यालय भवन अच्छी स्थिति में संचालित हो रहा है। वहीं राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय ओसला में वर्तमान में केवल 1 छात्र अध्ययनरत है। छात्रहित को ध्यान में रखते हुए दोनों विद्यालयों का संचालन राजकीय प्राथमिक विद्यालय ओसला भवन में किया जा रहा है। रिपोर्ट में यह भी उल्लेख किया गया है कि वित्तीय वर्ष 2021-22 में राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय ओसला के भवन मरम्मत एवं रंग-रोगन हेतु जिला योजना के अंतर्गत रु0 3.50 लाख की धनराशि स्वीकृत की गई थी, किन्तु कार्यदायी संस्था द्वारा धनराशि को अपर्याप्त बताया गया। इसके उपरांत वर्ष 2022-23 में पुनः रु0 1.50 लाख की अतिरिक्त धनराशि स्वीकृत कर कार्यदायी संस्था ग्रामीण निर्माण विभाग, उत्तरकाशी को हस्तांतरित की गई। उक्त निर्माण कार्य समय पर पूरा करने को लेकर कार्यदायी संस्था को निर्देशित किया गया है।

