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प्रधान के फर्जी हस्ताक्षर कर योजना संचालित करने का मामला डीएम तक पहुंचा

विकासनगर(आरएनएस)।  विकासखंड कालसी की ग्राम पंचायत हयौ टगरी में फर्जी हस्ताक्षर और मुहर का इस्तेमाल कर योजनाओं को संचालित करने का मामला सामने आया है। ग्राम प्रधान ने बुधवार को जिलाधिकारी को ज्ञापन देकर इस प्रकरण की जांच और आवश्यक कार्रवाई की मांग की है। ग्राम प्रधान बबीता देवी का आरोप है कि विकासखंड कार्यालय के एक कर्मचारी की टेबल से दो मनरेगा योजनाओं की फाइलें मिलीं, जिनमें उनके जाली हस्ताक्षर और मुहर लगी हुई थी। जब उन्होंने इस संबंध में कर्मचारी से पूछताछ की तो उन्होंने अनभिज्ञता जाहिर करते हुए बताया कि ये फाइलें उनकी टेबल पर कैसे आईं, इसकी जानकारी उन्हें नहीं है। ग्राम प्रधान ने ग्राम विकास अधिकारी और ग्राम पंचायत विकास अधिकारी से संबंधित योजनाओं के दस्तावेज दिखाने की मांग की, लेकिन अधिकारियों ने उन्हें जानकारी देने से इनकार कर दिया। इसके बाद उन्होंने सूचना के अधिकार अधिनियम 2005 के तहत 27 नवंबर 2024 को जानकारी मांगी। अपील के बावजूद उन्हें केवल अधूरी सूचनाएं उपलब्ध कराई गईं। ग्राम प्रधान के अनुसार पंचायत के वित्तीय मामलों में करीब 17 लाख रुपये और मनरेगा समेत अन्य योजनाओं से संबंधित 14 से अधिक परियोजनाओं की जानकारी उनसे छिपाई जा रही है। इससे स्पष्ट होता है कि अधिकारियों की मिलीभगत से फर्जी हस्ताक्षर और मुहर का इस्तेमाल कर योजनाएं संचालित की जा रही हैं। बताया कि इस मामले में बैठक कर आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की गई। बावजूद इसके विकासखंड कार्यालय के कर्मचारियों ने अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया है। ग्राम प्रधान ने जिलाधिकारी से मांग की है कि इस प्रकरण की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि पंचायत स्तर पर हो रहे भ्रष्टाचार पर रोक लगाई जा सके। ज्ञापन देने वालों में संजय चौहान, प्रेम सिंह चौहान, सुनील चौहान आदि शामिल रहे।